महासमुंद के इन 8 स्थानों पर लगेगा लर्निंग लाइसेंस शिविर, देखें पूरी जानकारी

 महासमुंद जिले में ड्राइविंग लाइसेंस के लिए लगेगा शिविर, स्कूल-कॉलेजों तक पहुंचेगी परिवहन विभाग की सुविधा

महासमुंद के स्कूल-कॉलेजों में विद्यार्थियों के लिए लर्निंग ड्राइविंग लाइसेंस शिविर
महासमुंद जिले के विभिन्न कॉलेजों में विद्यार्थियों के लिए लर्निंग लाइसेंस शिविर और सड़क सुरक्षा जागरूकता अभियान।
महासमुंद,छत्तीसगढ़।

महासमुंद जिले में विद्यार्थियों को सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक करने और लर्निंग ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने की प्रक्रिया को आसान बनाने के उद्देश्य से परिवहन विभाग ने विशेष शिविर आयोजित करने की तैयारी की है। जिला परिवहन अधिकारी कार्यालय, महासमुंद की ओर से 22 सितंबर 2026 को जारी आदेश में अलग-अलग स्कूलों और कॉलेजों में परिवहन सुविधा केंद्र तथा कर्मचारियों की ड्यूटी निर्धारित की गई है जिसमे सभी विद्यार्थियों को लर्निंग लाइसेंस से जुड़ी जानकारियां प्राप्त होगी।

स्कूल-कॉलेजों में पहुंचेगी लर्निंग लाइसेंस की सुविधा :–

जारी आदेश के अनुसार 24 सितंबर 2026 को महासमुंद जिले में सड़क सुरक्षा जागरूकता अभियान के तहत स्कूलों में जागरूकता गतिविधियां और कॉलेजों में लर्निंग लाइसेंस बनाने के लिए शिविर आयोजित किए जाने हैं। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को यातायात नियमों की जानकारी देने के साथ उन्हें वाहन चलाने से पहले आवश्यक कानूनी प्रक्रिया से परिचित कराना है जिससे आगे चलकर यातायात के इन नियमों को वे अच्छे से समझ जाएं।

आदेश में बताया गया है कि विद्यार्थियों को सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के साथ-साथ लर्निंग लाइसेंस शिविर भी लगाए जाएंगे। इसके लिए अलग-अलग स्थानों पर परिवहन सुविधा केंद्रों और संबंधित कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है जिसमे इसके बारे में जानकारी दिया जाएग और लर्निंग लाइसेंस की प्रक्रिया पूरा किया जाएगा ।

जिले के इन स्थानों पर होगी व्यवस्था :–

महासमुंद जिला परिवहन कार्यालय के आदेश में कुल 8 स्थानों का उल्लेख किया गया है। इनमें रामचंडी कॉलेज, सरायपाली, भीमराव अंबेडकर कॉलेज, बलौदा, वीरेंद्र बहादुर कॉलेज, सरायपाली, सरस्वती शिशु मंदिर, बसना, चंद्रपाल उदेंडना कॉलेज, पिथौरा, बागबाहरा, जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाइट), महासमुंद और सरस्वती शिशु मंदिर, तुमगांव शामिल हैं जहां जाकर विद्यार्थी लर्निंग लाइसेंस फॉर्म भरकर ड्राइविंग लाइसेंस संबंधी जानकारी एकत्रित कर सकेंगे ।

इन स्थानों के लिए अलग-अलग परिवहन सुविधा केंद्रों को जिम्मेदारी दी गई है। आदेश में संबंधित कर्मचारियों के नाम और मोबाइल नंबर भी दर्ज किए गए हैं, ताकि शिविर की व्यवस्था को सुचारू रूप से संचालित किया जा सके और सही तरीके से इसमें भाग लिया जा सके ।

विद्यार्थियों के लिए क्यों महत्वपूर्ण है यह पहल? :–

लर्निंग लाइसेंस वाहन चलाने की वैधानिक प्रक्रिया का शुरुआती चरण है। ऐसे में स्कूल और कॉलेज स्तर पर ही विद्यार्थियों को सड़क सुरक्षा नियमों की जानकारी मिलने से उन्हें जिम्मेदार वाहन चालक बनने की दिशा में मार्गदर्शन मिल सकता है जिससे वे यातायात के सही नियमों के बारे में जानकर सुरक्षा पूर्वक वाहन चला पायेंगे।

शिविर को शिक्षण संस्थानों तक पहुंचाने का एक फायदा यह भी है कि विद्यार्थियों को लाइसेंस संबंधी प्रक्रिया के लिए अलग से परिवहन कार्यालय जाने की जरूरत कम हो सकती है। साथ ही सड़क सुरक्षा जागरूकता और लाइसेंस प्रक्रिया को एक ही अभियान से जोड़ने से विद्यार्थियों को नियमों की व्यावहारिक जानकारी देने का अवसर मिलेगा जोकि यातायात सुरक्षा योजना के तहत एक महत्वपूर्ण पहल है ।

सड़क सुरक्षा जागरूकता पर रहेगा जोर :–

आज बड़ी संख्या में युवा दोपहिया और अन्य वाहनों का उपयोग करते हैं। ऐसे में हेलमेट, यातायात संकेत, निर्धारित गति, वाहन चलाते समय सावधानी और जरूरी दस्तावेजों की जानकारी बेहद महत्वपूर्ण है। अभियान के जरिए विद्यार्थियों को सड़क पर जिम्मेदारी से वाहन चलाने और यातायात नियमों का पालन करने के प्रति जागरूक किया जाना प्रस्तावित है जिसमे सभी विद्यार्थियों को इससे मिलने वाली सुरक्षा जानकारियां प्राप्त होंगी ।

जिला परिवहन अधिकारी कार्यालय के आदेश से यह स्पष्ट है कि अभियान के लिए अलग-अलग शिक्षण संस्थानों और क्षेत्रों को चिन्हित कर व्यवस्था बनाई गई है। अब इन शिविरों के माध्यम से कितने विद्यार्थी लर्निंग लाइसेंस की प्रक्रिया पूरी करते हैं और जागरूकता अभियान का कितना व्यापक असर होता है, यह आयोजन के बाद सामने आएगा फिलहाल आयोजन का 24 सितंबर का दिन निश्चित किया गया है अब देखना यह है की कितने विद्यार्थी लाभ के पात्र बनते है।

विद्यार्थियों को लर्निंग लाइसेंस प्रक्रिया और यातायात नियमों से जोड़ने का प्रयास है ये शिविर :–

जारी आदेश में महासमुंद जिले में स्कूल-कॉलेजों के आसपास लर्निंग लाइसेंस शिविर और सड़क सुरक्षा जागरूकता अभियान आयोजित करने की यह व्यवस्था विद्यार्थियों को लाइसेंस प्रक्रिया और यातायात नियमों से जोड़ने का प्रयास है। 24 सितंबर 2026 को प्रस्तावित शिविरों में जिले के विभिन्न क्षेत्रों के विद्यार्थियों को परिवहन संबंधी सुविधा और सड़क सुरक्षा की जानकारी उपलब्ध कराने की योजना है जिससे विद्यार्थियों को स्कूल कालेजों में ही लर्निंग लाइसेंस सुविधा प्राप्त होंगे ।

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